योगी आदित्यनाथ

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने आज अपने सरकारी आवास पर प्रदेश के समस्त चयन आयोगों/बोर्डों के अध्यक्षों के साथ आहूत एक बैठक में यह अपेक्षा की कि सभी सेवा चयन बोर्ड 100 दिनों का लक्ष्य तय करते हुए 10,000 से अधिक प्रदेश के युवाओं को सरकारी नौकरी प्रदान करने की कार्यवाही करें। उन्होंने कहा कि एक सत्र से जुड़ी सभी भर्ती परीक्षाएं उसी सत्र में सम्पन्न हों।

यह भी पढ़ेंः Bank Holidays In April 2022: 1 अप्रैल से लगातार 5 दिन बंद रहेंगे बैंक, जानें पूरे महीने कब-कब रहेगी छुट्टी 

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार युवाओं को सरकारी नौकरी से जोड़ने एवं उन्हें रोजगार प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। राज्य सरकार ने विगत 05 वर्षों में प्रदेश के युवाओं को साढ़े चार लाख सरकारी नौकरियों से जोड़ा है। पूर्व की भांति प्रदेश सरकार ने अपने दूसरे कार्यकाल की शुरुआत से ही युवाओं को सरकारी नौकरी प्रदान करने के लिए सभी चयन आयोगों/बोर्डों को 100 दिवसीय, 06 माह एवं वार्षिक लक्ष्यों को तय करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सभी विभागों को अधियाचन समय से भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने अधियाचन व्यवस्था के डिजिटलीकरण की प्रगति की जानकारी भी प्राप्त की।

यह भी पढ़ेंः BJP में शामिल होंगे शिवपाल सिंह यादव? योगी आदित्यनाथ से मुलाकात में हुई ये बात!

मुख्यमंत्री ने कहा कि भर्ती प्रक्रियाओं में आरक्षण के नियमों का पूर्णतः पालन किया जाए। भर्ती के विज्ञापन में आरक्षण के नियमों का स्पष्ट उल्लेख हो। भर्ती प्रक्रिया को शुचितापूर्ण, पारदर्शी, निष्पक्ष एवं भ्रष्टाचारमुक्त बनाने के लिए परीक्षा एजेंसी के चयन एवं परीक्षा केन्द्रों के चयन में विशेष सावधानी बरती जाए। परीक्षा केन्द्रों को निर्धारित करने में शासकीय विद्यालयों को वरीयता दी जाए। जिला प्रशासन यह सुनिश्चित करे कि कोई भी दागदार छवि वाला केन्द्र, परीक्षा केन्द्र न बने। परीक्षा केन्द्र निर्धारण में अभ्यर्थियों की सहूलियतों का ध्यान रखा जाए। अभ्यर्थियों का वेरीफिकेशन तय समय में पूर्ण किया जाए। उन्होंने भर्ती प्रक्रियाओं को पालीवाल समिति की अनुशंसाओं के अनुरूप करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भर्ती परीक्षाओं को सम्बन्धित संस्थाएं शासन, सम्बन्धित विभाग एवं जिला प्रशासन के साथ संवाद एवं समन्वय बनाते हुए पूर्ण करें। साथ ही, भर्ती प्रक्रिया की अवधि को कम करने के सार्थक प्रयास किए जाएं तथा नियुक्ति प्रक्रिया को सरल एवं समयबद्ध तरीके से पूर्ण किया जाए। भर्ती प्रक्रियाओं में तकनीक का अधिक से अधिक उपयोग किया जाए। साक्षात्कार पैनल में सदस्यगणों के अतिरिक्त अनुभव प्राप्त व्यक्तियों को भी शामिल किया जाए। उन्होंने कहा कि मृतक आश्रितों की भर्ती प्रक्रिया को बेहतर एवं संवेदनापूर्ण तरीके से निर्धारित समय में पूर्ण किया जाए।

यह भी पढ़ेंः PM-Kisan eKYC: मोदी सरकार ने किसानों को दी बड़ी राहत, ई-केवाईसी की तारीख आगे बढ़ाई गई

बैठक के दौरान उ0प्र0 लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष, उ0प्र0 अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष, उ0प्र0 उच्चतर शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष, माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड के अध्यक्ष, उ0प्र0 पुलिस सेवा भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड के अध्यक्ष मौजूद थे। इस अवसर पर मुख्य सचिव दुर्गाशंकर मिश्र, अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी, अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री एस0पी0 गोयल, अपर मुख्य सचिव नियुक्ति एवं कार्मिक देवेश चतुर्वेदी, अपर मुख्य सचिव सूचना नवनीत सहगल, अपर मुख्य सचिव माध्यमिक शिक्षा आराधना शुक्ला, अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा मोनिका एस0 गर्ग, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री एवं सूचना संजय प्रसाद, सचिव मुख्यमंत्री आलोक कुमार, सूचना निदेशक शिशिर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

Leave a Reply