Lucknow Kanpur Expressway: हाल ही में लखनऊ और कानपुर को जोड़ने वाले नए एक्सप्रेस का उद्धाटन हुआ था। लेकिन एक महीना भी नहीं बीता सड़क धंसने लगी। जिसके बाद NHAI ने उसके मरम्मत के दौरान कोई टोल टैक्स नहीं लेना का फैसला किया है। बता दें, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी और यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने इसका उद्घाटन पिछले महीने की 13 तारीख़ को किया था।
पहली बारिश भी नहीं झेल पाई सड़क
एनएचआई की जाँच में पाया गया है कि क़रीब 300 मीटर के एरिया को फिर से मरम्मत किया जाएगा। इसके बाद से ही सोशल मीडिया पर एनएचएआई की खूब आलोचन हो रही है। हर तरफ़ सवाल खड़े किए जा रहे हैं।
यह भी पढ़े – Bhojpuri Cinema: क्या आम्रपाली दूबे बनना चाहती हैं मां? इस बयान की हो रही हर तरफ चर्चा
पीएनसी इंफ्राटेक पर लग सकता है प्रतिबंध
NHAI ने पीएनसी इंफ्राटेक से भी इस पूरे मामले में जवाब मांगा है। अगर कंपनी दोषी पाई गई तो भविष्य में एनएचएआई की बोलियों में वह शामिल नहीं पो पाएगी। बता दें, मरम्मत के दौरान जो टोल माफ किया गया है वो पीएनसी इंफ्राटेक से वसूला जाएगा।
जिस जगह सड़क ख़राब हुई है उसे पीएनसी इंफ्राटेक को बनाने का निर्देश दिया गया है। इसके रिपेयर में कुल 3 करोड़ रुपये खर्च होंगे। बता दें, एनएचएआई ने साफ़ कहा है कि कोई भी अतिरिक्त खर्च वो नहीं उठाएंगे।
आशा वर्कर, आंगनवाड़ी कर्मचारियों के लिए CM योगी ने किया बड़ा ऐलान, मानदेय पर जल्द फैसला
तीन अधिकारियों को हटाया गया
इस पूरे मामले में एनएचएआई का सख्ती दिखा रहा है। तीन अधिकारियों को वो पहले ही हटा चुका है। उनके ऊपर दो साल प्रतिबंध लगाया गया है। इस प्रोजेक्ट के सुपरविजन में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ के एक्शन की शुरुआत हो गई है।
4200 करोड़ रुपये हुआ था खर्च
इस पूरे सड़क के निर्माण में 4200 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। इस एक्सप्रेस वे के बन जाने से लखनऊ और कानपुर के बीच यात्रा समय घट गया है।



















